बहुत ही अच्छा प्रश्न है।
यही प्रश्न हमसे वाइवा (मौखिक प्रश्नोत्तरी) में पूछा गया था, जिस सेमेस्टर में हमे रेफ्रिजरेशन एंड एयर-कंडीशनिंग विषय था।
प्रश्न का उत्तर जानने के पहले हमें थोड़ा सा रेफ्रिजरेटर की कार्यप्रणाली के बारे में जानना पड़ेगा।
थर्मोडाइनामिक्स (उष्मागतिकी) के नियमों के हिसाब से ऊष्मा हमेशा अधिक तापमान से कम तापमान की ओर बहती है।
जब आप फ्रिज में बाहर की वस्तु रखते हैं तो उसका तापमान अधिक होता है। फ्रिज का कूलैंट यह गर्मी अवशोषित करके फ्रिज के बाहर छोड़ देता है।
इस कूलैंट (एक तरह का द्रव्य) को कंप्रेस करने का काम, उसे फ्रिज में पाइपों द्वारा अंदर-बाहर घुमाने का काम कम्प्रेसर करता है।
चूंकि यह कंप्रेसर बिजली से चलता है तो यह स्वयं भी गर्म हो जाता है और बाहर ही अपनी ऊर्जा उत्सर्जित करता है।
फ्रिज में तापमान मापने वाले सेंसर्स भी होते हैं। अब अगर अंदर का तापमान बढ़ जाता है तो यह सेंसर्स सूचना भेजकर कम्प्रेसर को और काम करने का सिग्नल देते हैं।
अब प्रश्न पर आते हैं। जब हम फ्रिज का दरवाजा खुला रखेंगे तो वे सेंसर्स जब तापमान मापेंगे तो वो काफी अधिक होगा क्योंकि अब कमरा भी फ्रिज के अंदर का एक भाग हो गया है।
अब वह कंप्रेसर को बताएगा कि अंदर गर्मी बहुत बढ़ गयी है, ज़्यादा तेज़ी से कूलैंट को चलाओ। इस चक्कर में कंप्रेसर अधिक पावर लेगा और कूलैंट और कंप्रेसर दोनों मिलकर कमरे में ही पहले से अधिक गर्मी फेकेंगे।
इसका मतलब यह हुआ की फ्रिज जो तापमान कम कर रहा है वही वापस गर्मी के रूप में कमरे में भी आ रहा है।
ये ऐसा होगा जैसे आपने कुएं से पंप के द्वारा पानी खींचा और वापस दूसरे पाइप से फिर कुएं में डाल दिया। कुँए का पानी का लेवल कम नही होगा।
इस तरह धीरे-धीरे कमरे का तापमान बढ़ जाएगा।
एक तरीका है ठंडा करने का, फ्रिज का केवल दरवाज़ा कमरे की खिड़की में खोलिये, बाकी भाग बाहर रखिये।
पर एक मिनट, फिर इसके बजाय AC ना लगा लें।